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बजट से पहले क्यों होता है हलवा समारोह? जानिए इस परंपरा का महत्व और खासियत
- दैनिक लोक भारती
- 23 Jan, 2026
केंद्रीय बजट पेश होने से ठीक पहले हर साल वित्त मंत्रालय की ओर से हलवा समारोह का आयोजन किया जाता है। यह परंपरा बजट प्रक्रिया का एक अहम हिस्सा मानी जाती है और इसके जरिए यह संकेत दिया जाता है कि बजट को अंतिम रूप दे दिया गया है।
हलवा समारोह के साथ ही बजट दस्तावेजों की छपाई की प्रक्रिया आधिकारिक रूप से शुरू हो जाती है। इस दौरान बजट से जुड़े अधिकारी और कर्मचारी मंत्रालय परिसर में ही रहते हैं और बाहरी संपर्क पूरी तरह सीमित कर दिया जाता है।
इस आयोजन का उद्देश्य बजट से जुड़ी गोपनीयता बनाए रखना होता है। छपाई पूरी होने तक बजट से जुड़े अधिकारी किसी भी तरह की जानकारी बाहर साझा नहीं कर सकते, जिससे बजट से पहले किसी भी तरह का खुलासा न हो सके।
हलवा समारोह में आमतौर पर वित्त मंत्री वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों को हलवा परोसते हैं। इसे बजट तैयार करने में जुटी टीम के परिश्रम और योगदान को सम्मान देने का प्रतीक माना जाता है।
यह परंपरा वर्षों से चली आ रही है और भारतीय बजट प्रक्रिया की एक विशिष्ट पहचान बन चुकी है। हलवा समारोह न केवल एक औपचारिक आयोजन है, बल्कि बजट की तैयारी के अंतिम चरण का प्रतीक भी माना जाता है।
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